
ग्राम पंचायत हसदा में मितानिन दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया
गुरुर/हसदा,
25 नवंबर। ग्राम पंचायत हसदा में मंगलवार को मितानिन दिवस बड़े उत्साह और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था में मितानिन बहनों के योगदान को रेखांकित करना और उन्हें सम्मान देना रहा।कार्यक्रम की शुरुआत सरपंच धनंजय कुमार के स्वागत भाषण से हुई। उन्होंने मितानिन दीदियों के निस्वार्थ सेवा कार्य, समर्पण और समाज के प्रति किए जा रहे अमूल्य योगदान की सराहना की। सरपंच ने कहा कि मितानिन बहनों की अथक मेहनत, सेवा बोध और संवेदनशीलता ही ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की नींव है। वे स्वास्थ्य, पोषण और जागरूकता के माध्यम से गांव को स्वस्थ और सशक्त बना रही हैं।इस अवसर पर उपसरपंच खिलावन साहू, पंचगण रामचरण साहू, यशवंत नेताम, निर्मला निर्मलकर, संध्या साहू सहित समस्त पंचायत प्रतिनिधि मौजूद रहे। ग्राम के समाजसेवी जयंत कुमार, बृजेश्वरी, गोपेश कुमार, सोनसाय साहू, शैलेन्द्र कुमार और तामेश्वर हिरवानी ने भी कार्यक्रम में शामिल होकर मितानिन बहनों का उत्साहवर्धन किया।कार्यक्रम में सरपंच द्वारा सभी मितानिनों को साल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया। प्रशिक्षक पूर्णिमा साहू तथा मितानिन इंद्राणी साहू, टिकेश्वरी साहू, शांति साहू और नीरा साहू जैसी प्रमुख कार्यकर्ताओं के कार्यों का उल्लेख कर उनके प्रयासों की विशेष सराहना की गई।कार्यक्रम के अंत में उपस्थित जनों ने मितानिन दीदियों के प्रति आभार प्रकट करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और निरंतर प्रगति की कामना की। पूरे आयोजन में हर्ष और सम्मान का माहौल बना रहा।
2.धान उपार्जन केन्द्र दर्रा में डाटा एंट्री ऑपरेटर की आवश्यकता समाप्त, समिति ने पद समाप्त करने का आग्रह किया
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जिले में समर्थन मूल्य पर जारी धान खरीदी प्रक्रिया इस समय सुचारू रूप से संचालित हो रही है। इसी क्रम में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के लिए दर्रा धान उपार्जन केन्द्र (पंजीयन क्रमांक 1047, शाखा–नारी) में सर्विस प्रोवाइडर के माध्यम से एक डाटा एंट्री ऑपरेटर की अस्थायी नियुक्ति की गई थी।इसी बीच प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति मर्यादित दर्रा ने जिला विपणन अधिकारी, विपणन संघ धमतरी को एक पत्र भेजकर धान उपार्जन केन्द्र में डाटा एंट्री ऑपरेटर की आवश्यकता समाप्त करने का अनुरोध किया है। समिति ने बताया कि 19 नवंबर 2025 से नियमित कर्मचारी अपनी हड़ताल समाप्त कर कार्यस्थल पर लौट आए हैं और पूर्ववत रूप से धान खरीदी संबंधित समस्त कार्य जैसे पंजीयन, तौल, प्रविष्टियाँ एवं दैनिक विवरण सुचारू रूप से संचालित कर रहे हैं।समिति का कहना है कि अब केन्द्र में किसी अतिरिक्त डाटा एंट्री ऑपरेटर की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि सभी तकनीकी एवं लेखा संबंधी कार्य नियमित कार्मिक स्वयं कर रहे हैं। अतिरिक्त कार्मिक रखने से अनावश्यक वित्तीय भार बढ़ेगा और कार्य विभाजन में असमानता भी उत्पन्न होगी।इस संबंध में समिति ने जिला विपणन अधिकारी से अनुरोध किया है कि सर्विस प्रोवाइडर के माध्यम से नियुक्त डाटा एंट्री ऑपरेटर को तत्काल प्रभाव से वापस लेने की कार्रवाई की जाए। समिति ने यह भी स्पष्ट किया कि कर्मचारियों की उपलब्धता के बाद खरीदी केन्द्र दर्रा की सभी व्यवस्थाएँ सुचारू, व्यवस्थित और पारदर्शी हैं।समिति का मत है कि वर्तमान व्यवस्था में कार्य पूरी दक्षता और जिम्मेदारी के साथ संपन्न किया जा रहा है और अब अतिरिक्त मानव संसाधन की कोई आवश्यकता नहीं रही।
3.कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने धान खरीदी केन्द्रों का किया औचक निरीक्षण, लापरवाह अधिकारी-कर्मचारी निलंबित

बालोद, 25 नवंबर। कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने समर्थन मूल्य पर चल रही धान खरीदी व्यवस्था की हकीकत जानने आज सुबह जिले के विभिन्न धान खरीदी केन्द्रों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने गुण्डरदेही ब्लॉक के पैरी, सिकोसा, रेंगाकठेरा और कचांदुर केन्द्रों का जायजा लेते हुए व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की।निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने सिकोसा केन्द्र में अव्यवस्थित खरीदी प्रक्रिया, लगभग 2100 बारदानों पर स्टेनसील नहीं लगाए जाने और स्वच्छता व्यवस्था असंतोषजनक पाए जाने पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने तत्काल प्रभाव से ग्राम पंचायत सचिव एवं पूर्व समिति प्रबंधक देवेंद्र देवांगन को एस्मा के तहत निलंबित करने के निर्देश दिए। साथ ही सिकोसा के नोडल अधिकारी भूमिका सिंगारे, निगरानी दल के सदस्य एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी सुनील साहू तथा वर्तमान समिति प्रबंधक खेमराज साहू को कारण बताओ नोटिस जारी करने के आदेश दिए।कलेक्टर ने समिति प्रबंधक को निर्देशित किया कि 26 नवंबर तक सभी बारदानों पर स्टेनसील लगाकर सम्पूर्ण व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया जाए। इसी तरह रेंगाकठेरा केन्द्र में भी 5500 बारदानों पर स्टेनसील नहीं लगाए जाने और धान की गुणवत्ता संतोषजनक न होने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की। यहां गुण्डरदेही केन्द्र के नोडल अधिकारी एवं पीएमजीएसवाई के सहायक अभियंता युगल किशोर साहू को लापरवाही और अनुपस्थित रहने पर निलंबित करने तथा निगरानी दल सदस्य प्रियंका जांगड़े और समिति प्रबंधक आर.पी. सिन्हा को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।कलेक्टर मिश्रा ने सभी अधिकारी-कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि धान खरीदी में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने गुणवत्तायुक्त धान की खरीदी सुनिश्चित करने के लिए निर्देश दिए कि हर किसान के धान की जांच गेट पर ही की जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि केवल ऑनलाइन टोकन के माध्यम से ही खरीदी की जाए, जबकि विशेष परिस्थितियों में ही ऑफलाइन टोकन जारी किए जा सकते हैं।
पूर्व विधायक भैयाराम सिन्हा ने निभाया इंसानियत का फर्ज, सड़क दुर्घटना में घायल युवक को पहुँचाया अस्पताल

संजारी–बालोद, 25 नवंबर। सार्वजनिक जीवन में संवेदनशीलता और सेवा भावना का परिचय देते हुए संजारी–बालोद क्षेत्र के पूर्व विधायक भैयाराम सिन्हा ने एक बार फिर मानवता की मिसाल पेश की। रविवार को बोहरडीह मार्ग पर हुए सड़क हादसे में कनेरी गांव का एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया था। दुर्घटना के बाद युवक सड़क किनारे बेहोश अवस्था में पड़ा हुआ था और मौके पर अफरा-तफरी का माहौल था।इसी दौरान वहां से गुजर रहे पूर्व विधायक भैयाराम सिन्हा ने घायल युवक को देखकर तुरंत अपनी गाड़ी रुकवाई और बिना किसी विलंब के उसे अपने वाहन से अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में उन्होंने स्वयं डॉक्टरों से मिलकर उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की। चिकित्सकों ने प्रारंभिक इलाज के बाद युवक की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर किया।पूर्व विधायक के इस मानवीय कदम की ग्रामीणों और प्रत्यक्षदर्शियों ने सराहना की। उन्होंने कहा कि भैयाराम सिन्हा हमेशा जरूरतमंदों की मदद के लिए तत्पर रहते हैं और उनका सहज स्वभाव ही उन्हें लोगों के दिलों में अलग स्थान दिलाता है। ग्रामीणों ने कहा कि वे न केवल एक जनप्रतिनिधि हैं बल्कि वास्तव में जनता के सच्चे हितैषी और जननायक हैं।लोगों ने बताया कि चाहे आम जन की समस्या हो या कोई दुर्घटना, भैयाराम सिन्हा हर परिस्थिति में आगे बढ़कर सहायता करते हैं। इस घटना ने एक बार फिर यह सिद्ध किया कि नेतृत्व के वास्तविक मूल्य संवेदनशीलता, जिम्मेदारी और इंसानियत में निहित हैं।





