
पंडरिया। चक्रवात मोंथा के असर से हुई बेवक्त भारी बारिश ने पंडरिया नगर के वार्ड क्रमांक 17 सिसोदिया नगर क्षेत्र के किसानों की कमर तोड़ दी है। खेतों में खड़ी धान की फसल पूरी तरह जलमग्न हो चुकी है, जिससे किसानों की महीनों की मेहनत और लागत पर पानी फिर गया।
किसानों ने बताया कि लगातार कई दिनों तक हुई वर्षा के कारण खेतों में पानी भर जाने से धान की बाली सड़ने लगी है। परिणामस्वरूप फसल पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है। कई किसानों ने फसल बीमा कराया था, जिससे उन्हें कुछ राहत की उम्मीद है, लेकिन आधे से अधिक किसान ऐसे हैं जो किसी कारणवश बीमा योजना का लाभ नहीं ले सके। अब वे पूरी तरह से आर्थिक संकट में फंस गए हैं।
किसान रामलाल साहू ने बताया कि उन्होंने अपनी 5 एकड़ जमीन में धान की फसल बोई थी, लेकिन बरसात ने सबकुछ नष्ट कर दिया। वहीं, अन्य किसानों का कहना है कि इस वर्ष की खेती में लगाई गई लागत और मेहनत दोनों व्यर्थ चली गईं।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित किसानों का सर्वे तत्काल कराया जाए और जिन किसानों को फसल बीमा का लाभ नहीं मिला है, उन्हें सरकारी कोष से आर्थिक मदद दी जाए। उनका कहना है कि सरकार को चाहिए कि ऐसी प्राकृतिक आपदाओं के समय राहत सहायता प्रक्रिया को तेज करे, ताकि किसान अपने जीवन की वित्तीय परेशानियों से जल्द उबर सकें।





