
जगदलपुर। बस्तर की खेल संस्कृति और युवा ऊर्जा को नई दिशा देने वाले बस्तर ओलम्पिक 2025 का संभाग स्तरीय शुभारम्भ आज इंडिरा प्रियदर्शिनी स्टेडियम, जगदलपुर में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया। उन्होंने मां दंतेश्वरी के छाया चित्र पर दीप प्रज्वलित कर प्रतियोगिता की औपचारिक शुरुआत की।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री अरुण साव, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, वन मंत्री केदार कश्यप तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में पद्मभूषण अंतरराष्ट्रीय बॉक्सिंग खिलाड़ी एमसी मैरीकॉम उपस्थित रहीं।
7 जिलों से 3500 खिलाड़ी मैदान में…
इस वर्ष बस्तर संभाग के दंतेवाड़ा, सुकमा, बीजापुर, नारायणपुर, कोंडागांव, बस्तर और जगदलपुर जिले से कुल 3500 खिलाड़ी विभिन्न खेल स्पर्धाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। मैदान में उत्साह, ऊर्जा और बस्तर की पारंपरिक गौरव दोनों का अनूठा संगम देखने को मिला।
‘नुवा बाट’—एक अनोखी पहल
इस बार की प्रतियोगिताओं में एक अत्यंत खास और प्रेरणादायक पहल देखने को मिली। बड़ी संख्या में आत्मसमर्पित माओवादी और नक्सल पीड़ित परिवारों के युवाओं की एक विशेष टीम ‘नुवा बाट’ को भी प्रतियोगिता में सम्मिलित किया गया है।
यह टीम बस्तर में शांति स्थापना, सामाजिक पुनर्वास और मुख्यधारा में लौटने के संकल्प का प्रतीक बनकर उभर रही है। स्टेडियम में उपस्थित दर्शकों ने ‘नुवा बाट’ टीम का जोरदार स्वागत कर उनका हौसला बढ़ाया।
मुख्यमंत्री ने कहा — “बस्तर अब संभावनाओं का नया केंद्र”
शुभारम्भ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा— “बस्तर ओलम्पिक केवल खेल नहीं, बल्कि शांति, एकता और नई शुरुआत का महोत्सव है। यहां की युवाशक्ति प्रदेश को नई ऊँचाइयों पर ले जाएगी।”
मैरीकॉम ने खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि बस्तर के खिलाड़ी देश और दुनिया में अपना नाम रोशन करने की क्षमता रखते हैं।
स्टेडियम में उमड़ा जनसैलाब
इंदिरा प्रियदर्शिनी मैदान में सुबह से ही खेल प्रेमियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। पारंपरिक वाद्ययंत्रों की थाप और स्थानीय कलाकारों के सांस्कृतिक प्रदर्शन ने कार्यक्रम को और भव्य बना दिया।
प्रतियोगिताएं होंगी रोमांचक
एथलेटिक्स, कुश्ती, कबड्डी, हॉकी, तीरंदाजी, फुटबॉल सहित कई खेलों में मुकाबले अगले कुछ दिनों तक जारी रहेंगे। विजेताओं को राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए चुना जाएगा।





