
*नाहरडीह, नारी, गिरौद, , सेल्दीप,भोथा, छोटी करेली,बोरसी,राजपुर,बरारी,परखन्दा, कुल्हाड़कोटि, गुदगुदा, गाड़ाडीह, मन्दरौद समेत कई रेत घाटो में जेसीबी मशीन से धड़ल्ले से रात दिन खुदाई….*
*क्या मगरलोड, कुरूद क्षेत्र के रेत घाटो में है अधिक राजनीतिक दबाव…??.?*
*कई राजनेता की हिस्सेदारी भी है शामिल… शीर्ष नेतृत्व से दमदार पकड़ के चलते दे रहे अवैध मनसूबे को अंजाम…*
*मुख्यमंत्री के सख्त निर्देश की खुली अवहेलना है बदस्तूर जारी…*

छत्तीसगढ़/धमतरी:/मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अवैध रेत उत्खनन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं । मुख्यमंत्री ने कलेक्टर और एसपी को निर्देश दिए हैं कि किसी भी जिले में अवैध रेत उत्खनन नहीं होना चाहिए । किसी भी जिले से अवैध रेत उत्खनन की शिकायत मिलने पर जिले के सम्बंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी और उनके विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी । मुख्यमंत्री ने अवैध उत्खनन रोकने कलेक्टर और एसपी को स्वयं मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए हैं ।

धमतरी जिला जो कि खनन का हब माना जाता है जहाँ लगभग 30-35 खदानें संचलित है, बावजूद इसके कुछ ऐसे रेत घाट हैं जिनकी रेत क्वालिटी के चलते आए दिन अवैध निकासी होते रहती है इस मामले में खनिज विभाग के अधिकारी एवं सत्ता पक्ष के राजनेता शीर्ष नेतृत्व से पहचान,साथ ही राजनीतिक दबाव के चलते धड़ल्ले से आज भी अवैध निकासी बदस्तूर जारी है।
आपको बता दें नाहरडीह, नारी, गिरौद, , सेल्दीप,भोथा, छोटी करेली,बोरसी,राजपुर,बरारी,परखन्दा, कुल्हाड़कोटि, गुदगुदा, गाड़ाडीह, मन्दरौद समेत कई रेत घाटो में जेसीबी मशीन से धड़ल्ले से रात दिन खुदाई जारी है।

यही नहीं, बल्कि जिन खदानों का ई टेंडर के माध्यम से स्वीकृति हुई है उन खदानों में रेत समाप्त हो चुका है, लेकिन सीमा से लगे गाँव के रेत घाट में डोरा डाल,ग्राम प्रमुखों को सेटिंग कर निकासी कर रहे हैं
सूत्रों के मुताबिक इन रेत घाटो में राजनीतिक पार्टी के कद्दावर नेताओं की भी हिस्सेदारी सामने आई है, जिसके चलते अधिकारी कार्यवाही करने में रोड़ा बन रहा है।

अब देखना यह होगा कि मुख्यमंत्री के आदेश के बाद जिम्मेदार अधिकारी अवैध रेत खनन का तमाशा देखते रहेंगे या त्वरित कार्यवाही करने ,कोई ठोस कदम उठाएंगे
चुनेश साहू 7049466638





