
– फेलियर जिला घोषित होने के कगार पर बालोद
– दिनों-दिन गिरता जा रहा शिक्षा स्तर
– जिला टॉप-10 से बाहर
– हजारों छात्र फेल
बालोद जिले में 10वीं-12वीं बोर्ड परिणाम में इस बार जिले का प्रदर्शन शर्मनाक से भी आगे रहा है। जिले का एक भी छात्र टॉप-10 में जगह नहीं बना सका। और तो और, जिला शिक्षा विभाग के आंकड़े बता रहे हैं कि 10वीं में 10,426 में से 6,867 पास हुए और 2,520 फेल हो गए। वहीं 12वीं में 8,745 में से 6,800 पास हुए, जबकि 819 छात्र असफल रहे। ऐसे में क्या शिक्षा व्यवस्था संभालने वाले नींद में थे, या सिर्फ कुर्सी पर बैठकर रोटियां तोड़ रहे थे?
इस निराशाजनक प्रदर्शन ने जिले को हिलाकर रख दिया है। बालोद जिला बनने से पहले और बनने के बाद भी अग्रणी रहा है।
*इस वर्ष के आंकड़ों ने जिला शिक्षा विभाग की निष्क्रियता पर सीधे सवाल खड़े किए हैं। जब बालोद जिले और छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था संभाली नहीं जा रही है, तो शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव और जिले के डीईओ को स्वयं इस्तीफा देकर किसी अन्य जिम्मेदारी का निर्वहन करना चाहिए।*
रिपोर्टर:
हिरदे सिन्हा:7389867471





