
रायपुर,छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर आज एक ऐतिहासिक और गरिमामय आयोजन का साक्षी बनेगी। भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज यहां आयोजित होने वाले जनजातीय गौरव दिवस के राज्य स्तरीय मुख्य समारोह में शामिल होंगी। कार्यक्रम में जनजातीय परंपराओं, संघर्षों और गौरवशाली विरासत को समर्पित अनेक महत्वपूर्ण गतिविधियाँ आयोजित की जाएँगी।
राज्यपाल रमेन डेका समारोह की अध्यक्षता करेंगे, जबकि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सहित राज्य मंत्रिमंडल के वरिष्ठ सदस्य, सांसद और विधायक भी कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा जनजातीय क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए तैयार की गई महत्वाकांक्षी योजना ‘जनजातीय ग्राम अखरा विकास योजना’ का औपचारिक शुभारंभ किया जाएगा। इस योजना को जनजातीय संस्कृति, सामाजिक जीवन और पारंपरिक रीति-रिवाजों को संरक्षित करते हुए ग्रामस्तर पर सुदृढ़ विकास सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
समारोह में प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से आए जनजातीय प्रमुखों का सम्मान किया जाएगा। इसके साथ ही जनजातीय आंदोलनों एवं स्वतंत्रता संग्राम में योगदान देने वाले विद्रोह के नायकों और स्वतंत्रता सेनानियों के परिवारों को भी सम्मानित किया जाएगा, जिससे उनकी बलिदान गाथाओं को नई पीढ़ी तक पहुँचाया जा सके।
कार्यक्रम स्थल पर जनजातीय विकास प्रदर्शनी एवं क्राफ्ट मेला भी आयोजित किया जा रहा है, जिसमें प्रदेश की विविध जनजातीय कला, शिल्प और जीवन शैली का आकर्षक प्रदर्शन किया जाएगा। यह मेला स्थानीय कारीगरों को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ जनजातीय संस्कृति की अनूठी पहचान को सामने लाने का अवसर प्रदान करेगा।
राष्ट्रपति के इस छत्तीसगढ़ दौरे को प्रदेश के जनजातीय समाज के लिए विशेष महत्व का माना जा रहा है, क्योंकि यह न केवल सम्मान का प्रतीक है बल्कि राज्य में जनजातीय विकास और सशक्तिकरण की दिशा में नई ऊर्जा भरने वाला अवसर भी है।





