
दुर्ग – भिलाई के 6 सहित छत्तीसगढ़ के 15 अस्पताल आयुष्मान योजना से बाहर, भिलाई का स्पर्श मल्टीस्पेशलिटी, दुर्ग का हाईटेक और एसआर हास्पीटल सहित 15 अस्पताल आयुष्मान भारत योजना से बाहर, गड़बड़ी करने वाले अस्पतालों के निलंबन से चिकित्सा जगत में हड़कंप, रायपुर-बिलासपुर के अस्पतालों पर भी गिरी गाज
आयुष्मान योजना के मरीजों से कैश में वसूले रूपये
■ डॉक्टरों की कमी बावजूद डिस्प्ले बोर्ड में लिखे थे नाम
■ सभी अस्पतालों में पैथो की रिपोर्ट स्केन्ड सिग्नेचर वाली
राज्य सरकार ने आयुष्मान भारत योजना में गड़बड़ियां करने वाले अस्पतालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 अस्पतालों को योजना से बाहर कर दिया है, जबकि 8 अस्पतालों को अस्थायी रूप से निलंबित किया गया है। स्वास्थ्य विभाग की इस सख्त कार्रवाई को लेकर चिकित्सा जगत में हड़कंप मच गई है।
आपको बता दें कि हेल्थ सेक्रेटरी निर्देश पर डायरेक्टर हेल्थ डॉ. प्रियंका शुक्ला ने अस्पतालों का औचक निरीक्षण कराने के लिए जांच टीमें बनाई थीं। जांच दल में स्वास्थ्य विभगा के ऐसे अधिकारियों को रखा गया, जिनकी छबि साफ-सुथरी हो और वे बड़े अस्पतालों के प्रभाव में न आएं।
जांच में व्यापक खामियां मिली हैं। जहां कई अस्पताल बिना डॉक्टर के मिले तो बिलासपुर के मार्क अस्पताल निरीक्षण के समय एमबीबीएस डॉक्टर के बजाय आयुर्वेदिक डॉक्टर मिले। जिन अस्पतालों में कार्रवाई हुई, उनमें जांच टीम को तीन चीज कॉमन मिली। पहला आयुष्मान योजन के मरीजों से कैश में पैसा लिया जाना। दूसरा डॉक्टरों की कमी और तीसरा सभी अस्पतालों में पैथो की रिपोर्ट स्केन्ड सिग्नेचर वाली पाई गई।
फर्जी रजिस्ट्रेशन का खुलासा
जांच में गंभीर खुलासा हुआ कि अस्पताल संचालक रजिस्टर में मरीजों की संख्या ज्याद इंट्री किए थे मगर अस्तपाल में उतने मरीज मिले नहीं। याने ज्यादा मरीज दिखाकर आयुष्मान योजना को चूना लगाया गया।
स्वास्थ्य संचालक डॉ० प्रियंका शुक्ला ने गंभीर गड़बड़ियों वाले इन 15 अस्पतालों को आयुष्मान योजना से बाहर कर दिया है। याने उन्हें राज्य सरकार के इम्पेनल सूची से बाहर कर दिया है।
स्पर्श मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल भिलाई,हाई टेक सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल दुर्ग अस्पतालों पर अस्थायी निलंबन,
भिलाई के पल्स हॉस्पिटल अस्पताल 6 माह के लिए सस्पेंड
भिलाई दुर्ग अस्पतालों को चेतावनी
श्री शंकराचार्य इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस दुर्ग, यशोदानंदन चिल्ड्रन हॉस्पिटल, दुर्ग





