कवर्धा ,कबीरधाम जिले के थाना कुकदुर पंडरिया तहसील के ग्राम डालामौहा में वन विकास निगम के कर्मचारियों और अवैध रेत खनन करने वालों के बीच हुई झड़प के मामले में नया मोड़ आया है! इस झड़प में डिप्टी रेंजर गणेश चंद्रवंशी और अनिल कुर्रे गंभीर रूप से घायल हुए थे।
घटना दिनांक के विडियो के माध्यम से अब पता चला है कि वन विकास निगम के कर्मचारियों ने दीपा -पप्पू धुर्वे के नाम का झूठा सहारा लिया था। उन्होंने कहा था कि दीपा -पप्पू धुर्वे ने उन्हें फोन किया था और कार्यवाही करने को बोला है, लेकिन दीपा -पप्पू धुर्वे ने इस आरोप का खंडन किया है।
दीपा -पप्पू धुर्वे ने कहा है कि डिप्टी रेंजर गणेश चंद्रवंशी ने अपनी जान बचाने के लिए उनका नाम लिया था, जबकि दीपा पप्पू धुर्वे उसे इस विषय पर किसी तरह सम्पर्क नहीं साधा था। जिसका निंदा करती हूं और किसी की छवि धूमिल करना सही नहीं है।
दीपा पप्पू धुर्वे एक सामाजिक कार्यकर्ता और जनपद सदस्य हैं और उनकी छवि इस क्षेत्र में बहुत अच्छी है।
इस मामले में अब यह साफ हो गया है कि वन विकास निगम के कर्मचारियों ने दीपा -पप्पू धुर्वे के नाम का गलत इस्तेमाल किया था। दिनांक 27/09/2024 को ग्राम अमेरा में समाज का सामाजिक बैठक रखा गया था जिसमें समाजिक लोगों और क्षेत्र के लोगों ने दीपा -पप्पू धुर्वे को निर्दोष मानते हुए उनके प्रति अच्छे कार्यों और सहयोग के लिए धन्यवाद दिया है।