hindmedianews
Breaking News
अन्यछत्तीसगढ़

नियमितिकरण अधिनियम को लेकर अपर कलेक्टर ने ली बैठक

IMG-20250714-WA0596
previous arrow
next arrow

नियमितिकरण अधिनियम को लेकर अपर कलेक्टर ने ली बैठक

 

 धमतरी। प्रदेश के नगरीय निकायों व नगर तथा ग्राम निवेश क्षेत्र द्वारा घोषित निवेश क्षेत्र में बने अवैध निर्माण को नियमित करने लिए प्रदेश सरकार द्वारा छत्तीसगढ़ अनधिकृत विकास का नियमितीकरण (संशोधन) अधिनियम एवं छत्तीसगढ अनधिकृत विकास का नियमितीकरण (संशोधन) नियम 2022 को लागू किया गया है। उक्त संशोधित अधिनियमों के क्रियान्वयन को लेकर अपर कलेक्टर चंद्रकांत कौशिक ने बैठक लेकर नियम के तहत आवेदन प्राप्त करने तथा निराकरण के संबंध में विस्तार से चर्चा करते हुए जानकारी दी।

 

 

उन्होंने उक्त प्रावधानों का आम नागरिकों के बीच व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश राजस्व अधिकारियों को दिए, जिससे लोगों को इसका आसानी लाभ मिल सके।

 

 आज सुबह 11 बजे अपने कक्ष में बैठक लेकर अपर कलेक्टर ने बताया गया कि 120 वर्गमीटर तक अनधिकृत आवासीय भवनों का प्रस्तुत आवश्यक दस्तावेंजो के आधार पर निःशुल्क नियमितीकरण किया जाएगा।

 अनधिकृत विकास में निधारित प्रयोजन से भिन्न भूमि के उपयोग परिवर्तन करने पर उस क्षेत्र की भूमि के लिये वर्तमान में प्रचलित कलेक्टर गाइडलाइन दर का 5 प्रतिशत अतिरिक्त शास्ति के तौर पर देय होगी। उन्होंने आगे बताया कि अनधिकृत विकास निर्धारित पार्किंग की कमी होने पर प्रत्येक कार स्थान की कमी के लिये 50 हजार रूपये शास्ति राशि आवेदक द्वारा देय होगा।

 

 ऐसी गैर लाभ अर्जन करने वाली संस्थाएं जो लाभ अर्जन के उद्देश्य से स्थापित न की गई हो, के अनधिकृत विकास के प्रत्येक प्रकरण में शास्ति प्राक्कलित राशि के 50 प्रतिशत की राशि दर से देय होगा। इसके लिए संबंधित मकान मालिकों को निर्धारित प्रारूप में संबंधित नगरीय निकायों एवं नगर तथा ग्राम निवेश कार्यालय में आवेदन जमा करना होगा।

 

अपर कलेक्टर ने यह भी बताया कि जिन भू-स्वामियों के द्वारा सक्षम अधिकारी से बिना स्वीकृति के भवन निर्माण करा लिया गया हो या अनुमोदित विकास अनुज्ञा/भवन निर्माण अनुज्ञा अभिन्यास से भिन्न निर्माण कार्य कराया गया हो वे उक्त नियम के तहत निर्धारित शिस्त राशि जमाकर अपना भवन नियमित करा सकते हैं।

 

यह अधिनियम व नियम राजपत्र में अधिसूचित 14 जुलाई 2022 के पूर्व अस्तित्व में आए भवनां पर ही लागू होगा। बैठक में एसडीएम धमतरी श्री विभोर अग्रवाल, आयुक्त नगर निगम श्री विनय पोयाम, सहायक संचालक नगर एवं ग्राम निवेश सुश्री ललिता धुर्वे सहित तहसीलदार व अन्य राजस्व अधिकारी मौजूद थे।

 

इनका होगा नियमतीकरण :-

 

पार्श्व खुला स्थान, तल क्षेत्र अनुपात, भूमि उपयोग में परिवर्तन (किंतु अनधिकृत विकास आवासीय उपयोग हेतु किया गया है तब विकसित परिक्षेत्र के आधार पर), पार्किंग,पहुंच मार्ग की चौड़ाई।

 

आवश्यक दस्तावेज :-

 

आवेदित भूमि का बी-1, पी-2, 1, भवन निर्माण अधिसूचित तिथि 14 जुलाई 2022 के पूर्व होने का प्रमाण तथा बिजली बिल संपत्ति कर की प्रति। भूमि का विवरण (मोहल्ला, नगर निवेश योजना सर्वे क्रमांक प्लॉट नंबर खसरा नंबर रकबा), भवन अनुज्ञा की प्रति। अधिक जानकारी कार्यालय नगर तथा ग्राम निवेश से प्राप्त की जा सकती है।

 

 

 

चुनेश साहू 7049466638

संबंधित पोस्ट

Chunesh Sahu

14 अप्रैल को मनाया जा रहा अंबेडकर जयंती,लेकिन सियासी दलों की चुप्पी ने खड़े किए बड़े सवाल

hindmedianews

उद्योगपति क्या जानेंगे किसानों की दु:ख, दर्द और पीड़ा ? कांग्रेस की वापसी होते ही कर्जा माफी पहली प्राथमिकता – नीलकंठ

hindmedianews

विधायक गुरु खुशवंत साहेब के काफिले पर हमला, रायपुर कलेक्ट्रेट में सतनामी समाज का प्रदर्शन

Chunesh Sahu

छत्तीसगढ़ बजट 2025-26: समावेशी विकास को गति देने वाला बजट : उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा

Sakshi Bansod

गुण्डरदेही और बालोद विधानसभा क्षेत्रों में धार्मिक-सामाजिक आयोजनों में सक्रिय रहीं तारणी पुष्पेंद्र चंद्राकर

Chunesh Sahu