
दुर्ग। जिले में अपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने पुलिस की लगातार कार्रवाई का बड़ा असर देखने को मिला है। सोमवार देर रात दुर्ग पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए गया नगर स्थित भागवत देशमुख के अड्डे पर धावा बोला, जहां लंबे समय से चल रहे जुए के बड़े फड़ का पर्दाफाश किया गया। पुलिस ने मौके से 39 जुआरियों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है। कार्रवाई के दौरान मौके से लगभग 9 लाख 25 हजार रुपए नकद, 43 मोबाइल फोन, ताश पत्ते सहित अन्य सामग्री भी जप्त की गई है।
सूचना पर हुई सटीक घेराबंदी
डीसीपी क्राइम के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। पुलिस अधिकारियों के अनुसार पिछले कई दिनों से गया नगर क्षेत्र में बड़े पैमाने पर जुआ संचालन की सूचना मिल रही थी। लगातार शिकायतें मिलने के बाद टीम ने मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और पुख्ता जानकारी हासिल होने पर बीती रात अचानक छापा मारने की योजना बनाई गई।
जैसे ही पुलिस की टीम ने भागवत देशमुख के अड्डे में प्रवेश किया, कई जुआड़ी भागने का प्रयास करते दिखे। हालांकि पुलिस की पहले से की गई घेराबंदी के चलते सभी को मौके पर ही पकड़ लिया गया।
9.25 लाख नकद, 43 मोबाइल और सामग्री बरामद
तलाशी के दौरान जुए के फड़ से भारी मात्रा में नगद रकम और मोबाइल फोन मिले। पुलिस ने कुल 9 लाख 25 हजार रुपए नकद, 43 विभिन्न कंपनियों के मोबाइल फोन, ताश की गड्डियां तथा अन्य उपकरण जब्त किए हैं, जिनका उपयोग जुए में किया जा रहा था।
लंबे समय से चल रहा था जुए का अड्डा
क्राइम ब्रांच के अधिकारी सुखनंदन राठौर ने बताया कि इलाके में इस अड्डे के सक्रिय होने की जानकारी पहले भी मिल चुकी थी, लेकिन इस बार मिली सूचना पूरी तरह पुख्ता होने के कारण बड़ी कार्रवाई की गई। बार-बार चेतावनी के बावजूद क्षेत्र में जुआ गतिविधियां लगातार बढ़ रहीं थीं, जिससे स्थानीय लोगों में भी नाराजगी थी।
पुलिस कर रही आगे की कार्रवाई
गिरफ्तार किए गए जुआड़ियों के खिलाफ जुआ अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस पूरे जुआ नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है तथा यह फड़ किन-किन स्थानों पर संचालित किया जा रहा था।
दुर्ग पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शहर में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसे जुआ संचालकों और अपराधियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।





