
कवर्धा।
जिला शिक्षा विभाग में गुरुवार को महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें अपार आईडी जनरेशन, आरटीई मेंटर्स की जिम्मेदारियां तथा छमाही परीक्षा की तैयारी पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में अधिकारियों ने शिक्षकों, बीईओ तथा संकुल प्रभारियों को आवश्यक दिशा–निर्देश दिए और प्रक्रियाओं को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने पर जोर दिया।
बैठक के दौरान बताया गया कि अपार आईडी (Automated Permanent Academic Account Registry) निर्माण का कार्य तेजी से किया जाए, ताकि जिले के सभी बच्चों को डिजिटल शिक्षा डाटाबेस से जोड़ा जा सके। शिक्षा विभाग का कहना है कि कई स्कूलों में अभी तक अपार आईडी अपडेट नहीं हुई है, जिसे प्राथमिकता के साथ पूरा करना आवश्यक है।
आरटीई मेंटर्स की भूमिका पर भी विशेष चर्चा की गई। विभाग ने स्पष्ट किया कि मेंटर्स बच्चों के सीखने के स्तर को बढ़ाने, निजी विद्यालयों की मॉनिटरिंग और आरटीई के प्रावधानों के सही क्रियान्वयन के लिए जिम्मेदार होंगे। मेंटर्स को नियमित स्कूल भ्रमण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसी के साथ छमाही परीक्षा को लेकर मूल्यांकन प्रक्रिया, टाइमटेबल, प्रश्नपत्र तैयार करने तथा परीक्षाओं को निष्पक्ष तरीके से संचालित कराने पर विस्तार से मंथन किया गया। अधिकारियों ने कहा कि छमाही परीक्षा बच्चों की प्रगति का महत्वपूर्ण आधार है, इसलिए सभी स्कूल समय पर परीक्षा सामग्री तैयार रखें।
बैठक के अंत में जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि—
“शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। अपार आईडी व आरटीई के कार्यों को समय पर पूर्ण कर हम बच्चों के भविष्य को मजबूत दिशा दे सकते हैं।”





