
नेशनल हाईवे-53 पर किसानों का चक्का जाम
महासमुंद। पिथौरा ब्लॉक अंतर्गत धान उपार्जन केंद्र डोंगरीपाली (छ) को अचानक छोटेलोरम स्थानांतरित किए जाने के निर्णय के विरोध में क्षेत्र के ग्रामीणों और किसानों का गुस्सा आज सड़क पर फूट पड़ा।
शासन–प्रशासन के फैसले के खिलाफ किसान नेशनल हाईवे-53, भगतदेवरी में सुबह से ही चक्का जाम कर बैठे। इस दौरान ग्रामीणों ने जमकर नारेबाजी करते हुए निर्णय को तुरंत वापस लेने की मांग उठाई।
ग्रामीणों का कहना है कि उपार्जन केंद्र बदलने से किसानों को लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी, परिवहन पर अधिक लागत आएगी, और धान बेचने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि अगर शासन इस निर्णय को वापस नहीं लेता है तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगे और एक बार फिर कलेक्टर कार्यालय का घेराव भी करेंगे।
प्रशासन अलर्ट
चक्का जाम की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंचा और सुरक्षा व्यवस्था संभालते हुए स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत कर समाधान निकालने की पहल की।
ग्रामीणों की बातें
बांछा प्रसाद कश्यप, उप सरपंच
“स्थान परिवर्तन से किसानों की परेशानी बढ़ेगी। डोंगरीपाली (छ) केंद्र किसानों के लिए सुविधाजनक था। निर्णय वापस लिया जाना चाहिए।”
शंकर, कृषक
“हम गरीब किसान हैं, रोज़गार का साधन धान ही है। दूर जाने से खर्च बढ़ेगा, समय भी ज्यादा लगेगा। हम इस अन्याय को स्वीकार नहीं करेंगे।”
देवेंद्र पटेल, सरपंच
“ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। यदि प्रशासन नहीं मानता है तो हम उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। किसानों के हितों से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं।”





