

पोंडी उपरोड़ा /कोरबा :- सेजेश पोंडी उपरोड़ा में शिक्षा विभाग की जांच टीम द्वारा 25 सितंबर को की गई जांच में बीआरसी पर गंभीर अनियमितताओं और रुपए लेने के आरोप सिद्ध पाए जाने के बावजूद अब तक विभागीय स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
जांच टीम में शामिल श्री संदीप पांडे और अभिमन्यु टेकाम ने मौके पर साक्ष्य एकत्र किए थे, जिनमें शैक्षिक समन्वयक द्वारा रुपए लेने के प्रमाण स्पष्ट रूप से सामने आए थे। जांच प्रतिवेदन में बीआरसी को दोषी बताया गया, किंतु सूत्रों के अनुसार डीईओ और डीएमसी कार्यालय ने रिपोर्ट को दबा दिया है।
स्थानीय शिक्षकों ने बताया कि राज्य शासन के स्पष्ट आदेशों के बावजूद बीआरसी पर कार्यवाही न होना प्रशासनिक लापरवाही का उदाहरण है। वहीं बताया जा रहा है कि संबंधित बीआरसी मेडिकल अवकाश लेकर डीईओ कार्यालय में घूम रहे हैं, जिससे शिक्षकों में भारी रोष व्याप्त है।
ग्रामीणों और शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई, तो वे जिला कलेक्टर और राज्य शिक्षा सचिव को ज्ञापन सौंपकर आंदोलन की राह पकड़ेंगे।
इस पूरे प्रकरण से शिक्षा विभाग की कार्यशैली पर प्रश्नचिन्ह लग गया है। अब देखना यह होगा कि उच्च अधिकारी जांच रिपोर्ट को सामने लाकर दोषियों पर कार्रवाई करते हैं या मामला फिर दबा दिया जाएगा।





