
जांजगीर-चांपा | 16 नवम्बर 2025
जांजगीर-चांपा। पामगढ़ ब्लॉक के लगरा धान खरीदी केंद्र में देर रात लगी आग ने देखते ही देखते भयावह रूप ले लिया। आग इतनी तेज थी कि मौके पर रखे सैकड़ों बारदाने कुछ ही मिनटों में जलकर राख हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग की लपटें दूर-दूर तक नजर आ रही थीं। आसपास के ग्रामीण जब तक पहुंचते, तब तक आग कई शेडों को अपनी चपेट में ले चुकी थी।
कर्मचारी हड़ताल पर, केंद्र पूरी तरह खाली
घटना के समय केंद्र में कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। प्रबंधक और कंप्यूटर ऑपरेटरों की हड़ताल के चलते केंद्र पूरी तरह खाली था। यही कारण रहा कि आग को शुरुआत में नियंत्रित नहीं किया जा सका और नुकसान ज्यादा हुआ। आग लगने के कारणों पर संशय
रात के समय अचानक लगी आग पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं—
क्या आग शॉर्ट सर्किट से लगी? क्या किसी ने आगजनी की?
या यह लापरवाही का नतीजा है? फिलहाल प्रशासनिक अधिकारियों ने जांच शुरू कर दी है, लेकिन घटना के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है।
दमकल की टीम ने संभाला मोर्चा सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक भारी नुकसान हो चुका था।
ग्रामीणों में नाराजगी, प्रशासन पर उठे सवाल लगरा और आसपास के गांवों में इस घटना को लेकर आक्रोश है। किसानों का कहना है कि धान खरीदी सीजन में पहले ही तैयारी की कमी है, ऊपर से केंद्रों में सुरक्षा इंतज़ाम भी नदारद हैं।किसानों ने इस बात पर भी रोष जताया कि कर्मचारियों की हड़ताल के दौरान केंद्रों की सुरक्षा को लेकर कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाए गए।
जांच के निर्देश प्रशासन ने नुकसान का आकलन करने और आग लगने के कारणों की जांच के लिए टीम गठित कर दी है। रिपोर्ट जल्द प्रस्तुत करने को कहा गया है।





