
पंडरिया: छत्तीसगढ़ की पंडरिया आश्रम के द्वारा बाटे गए 45 कंबल। अवधूत अघोरेश्वर भगवान राम निर्वाण दिवस पर 29 नवंबर को कबीरधाम जिले व छत्तीसगढ़ की अंतिम शरहद पर बसे गांव तेलियापानी लेदरा जहां सबसे ज्यादा कड़ाके की ठंड मापा जाता है। दूरस्थ घाटियों से खतरे भरी सड़कों से गुजर कर ही यहां पहुंचा जा सकता है।
जहां श्री सर्वेश्वरी समूह संस्थान देवस्थानाम अघोरपीठ के सदस्यों द्वारा आश्रम में बतलाई गई विधि जनमानस कल्याण की चेष्टा, भाव से वृद्ध,युवा तथा संतान पालन वाली माताओं को शीत से बचाने के उद्देश्य से कंबल वितरण किया गया।
आपको बता दें कि ये दुर्गम क्षेत्रों में से एक और पहाड़ की छोटी में बसा गांव है जिसके ऊपर ऊंचाई में कोई और पहाड़ या टीला नहीं। यह गांव पंडरिया से लग भग 33 किलोमीटर की दूरी तय करने के बाद पहुंचा जा सकता वहीं इस दूरी छः किलोमीटर की घाटी शामिल है जो अंधे मोड़ नुमा सड़कों की बनावट से गुजरती है।
बिलासपुर से पंडरिया आश्रम की ओर से कंबल वितरण करने आए हुए जितेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि श्री सर्वेश्वरी समूह संस्थान के द्वारा प्रत्येक वर्ष जन मानस कल्याण उत्थान व स्वस्थ जीवन सहित अनेक प्रकार की जनहित शिविर अथवा कार्यक्रम कराए जाते हैं जिसमें इस माह नवंबर में ही 25 तारीख को निः शुल्क स्वास्थ्य शिविर सह निः शुल्क चश्मा वितरण कर लगभग 200 से अधिक लोगों ने उस कराए गए शिविर का लाभ लिया तथा उसी में से 40 लोगों को भी नेत्र परीक्षण कर चश्मा वितरण किया गया साथ ही बड़े स्तर की समस्या के लिए जिला कबीरधाम अस्पताल पहुंच इलाज कराने परामर्श दिया गया था। और आज 29 नवंबर को कबीरधाम जिले की इस दूरस्थ वनांचल गांव में पहुंच निःशुल्क कम्बल वितरण किया गया।
आज की इस कार्य में भी लोगों ने नम भाव से खुशी की बेशुमार आशीर्वाद देते हुए इस नेक कार्य का प्रशंसा किया।
बिलासपुर से पहुंचे हिमांशु तिवारी ने इस गांव में वृद्ध माताओं को कम्बल वितरण करते हुए ईश्वर से कामना किया कि इस शीत को सहने की शक्ति दे और हमें भी इस तरह की सेवा करते रहने की सौभाग्य प्राप्त होता रहे।
उन्होंने कहा कि अघोरेश्वर भगवान राम की कृपा संपूर्ण संसार पर है ही उसी तरह सबको स्वस्थ जीवन और सही विचार प्राप्त हो।
आज के इस सेवा कार्य में बिलासपुर से जितेंद्र सिंह चौहान व हिमांशु तिवारी, सेंमकचुआ से छोटू धुर्वे तथा पंडरिया से अजय जांगड़े शामिल रहे।






