
कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से महिला सुरक्षा को झकझोर देने वाली अत्यंत शर्मनाक घटना सामने आई है। उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम बरपाली में एक युवक ने 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला के साथ पहले बेरहमी से मारपीट की और उसके बाद दुष्कर्म जैसा घिनौना अपराध किया। घटना ने पूरे क्षेत्र को हिलाकर रख दिया है, वहीं ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है।
पीड़ित महिला सुबह की तरह अपने खेत के पास काम करने गई थी। उसी दौरान गांव का ही रहने वाला आरोपी यशवंत मिरी वहां पहुंचा। बताया जा रहा है कि आरोपी शराब के नशे में था और खेत में महिला को अकेला पाकर उसने पहले उसे धमकाया और फिर उस पर शारीरिक हमला करते हुए जमीन पर गिरा दिया। महिला के विरोध करने पर आरोपी ने उसकी बेरहमी से पिटाई की, जिससे बुजुर्ग घायल हो गई। इसके बाद आरोपी ने महिला के साथ जबरन दुष्कर्म किया।
मौके से लोगों के पहुंचते ही आरोपी फरार
घटना की सूचना महिला ने किसी तरह गांव पहुंचकर दी। महिला की हालत गंभीर देख ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक आरोपी फरार हो चुका था। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
पुलिस जांच तेज, आरोपी की तलाश में दबिश
उरगा थाना पुलिस ने मामले को अत्यंत गंभीर श्रेणी में लेते हुए जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पहचान हो चुकी है और उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
थाना प्रभारी ने कहा— “यह संवेदनशील मामला है। मेडिकल जांच कराई जा चुकी है और आरोपी को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।”
महिला की हालत नाजुक — अस्पताल में भर्ती
पीड़िता के शरीर पर चोट के निशान हैं और मानसिक रूप से वह सदमे में है। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहाँ डॉक्टरों की टीम उसका उपचार कर रही है। अस्पताल सूत्रों के मुताबिक महिला फिलहाल खतरे से बाहर है लेकिन मानसिक आघात गहरा है।
ग्रामीणों में आक्रोश — कड़ी सज़ा की मांग
घटना के बाद बरपाली और आसपास के गांवों में भारी रोष है। लोगों का कहना है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दी जाए ताकि भविष्य में कोई ऐसी वारदात करने की हिम्मत न करे। ग्रामीणों ने दोषी को फांसी या आजीवन कारावास की मांग की है।
महिला सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
ऐसी घटनाओं से एक बार फिर सवाल खड़ा हुआ है कि आखिर कब महिलाओं—विशेषकर बुजुर्गों और कमजोर वर्गों—को सुरक्षित माहौल मिलेगा। गांव की स्थानीय महिलाओं का कहना है कि प्रशासन को गांवों में महिला सुरक्षा जागरूकता और पुलिस गश्त बढ़ानी चाहिए।
यह घटना न केवल पीड़िता बल्कि पूरे समाज के लिए दर्दनाक और शर्मसार करने वाली है।





